Thu 25 Jun 2026

ब्रेकिंग

ने मांगा जनसहयोग

जल जीवन मिशन की पाइपलाइन सूखी, टोटी से आज तक नहीं टपकी एक बूंद पानी

400 कर्मियों ने लिया योग को जीवन का हिस्सा बनाने का संकल्प

जांच की मांग

बड़े नाले की कराई तलीझाड़ सफाई"।

सुचना

बनबसा में खौफनाक हमला : मीटर रीडर पर पालतू कुत्ते का जानलेवा हमला : सिर से तीन-चार इंच मांस नोचा

Abid Hussain

Fri, Feb 20, 2026

बनबसा। पंपापुर गड़ीगोठ क्षेत्र में उस समय हड़कंप मच गया जब बिजली मीटर रीडिंग लेने गए मीटर रीडर अंकुर अग्रवाल पर एक पालतू कुत्ते ने अचानक जानलेवा हमला कर दिया।

स्थानीय पुलिस को दिए गए शिकायती पत्र में पीड़ित ने बताया कि कुत्ते ने उनके सिर पर बुरी तरह काट लिया और करीब तीन से चार इंच तक मांस का टुकड़ा बाल सहित उखाड़ दिया, जिससे वह लहूलुहान होकर जमीन पर गिर पड़े।

घटना के समय आसपास मौजूद लोगों ने शोर मचाकर किसी तरह कुत्ते को भगाया और गंभीर रूप से घायल अंकुर अग्रवाल को तत्काल अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका उपचार जारी है। पीड़ित ने बताया कि वह गड़ी गोठ स्थित पंपापुर में विद्युत उपभोक्ता धर्म सिंह के घर मीटर रीडिंग लेने गए थे। इसी दौरान उनके पालतू कुत्ते ने अचानक हमला कर दिया। घटना के बाद क्षेत्र में दहशत का माहौल है। पीड़ित ने पुलिस से मामले में उचित कार्रवाई और जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ कानूनी कदम उठाने की मांग की है।स्थानीय लोगों ने भी प्रशासन से अपील की है कि ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि भविष्य में किसी और कर्मचारी या नागरिक की जान खतरे में न पड़े।

मीटर रीडर अंकुर अग्रवाल पर हुए खौफनाक हमले के बाद सबसे बड़ा सवाल यही उठ रहा है कि फील्ड में काम करने वाले कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए आखिर क्या इंतज़ाम हैं? बिजली, पानी, डाक और अन्य विभागों के कर्मचारी रोजाना घर-घर जाकर अपनी ड्यूटी निभाते हैं। ऐसे में उन्हें पालतू कुत्तों, आवारा पशुओं और असामाजिक तत्वों से खतरा बना रहता है

क्या उपभोक्ताओं की जवाबदेही तय की गई है?

घटना के बाद क्षेत्र में यह मांग जोर पकड़ रही है कि प्रशासन और संबंधित विभाग स्पष्ट गाइडलाइन जारी करें, ताकि भविष्य में कोई कर्मचारी अपनी ड्यूटी के दौरान इस तरह की भयावह घटना का शिकार न बने। क्या विभाग ने अपने कर्मचारियों को सुरक्षा किट, हेल्पलाइन या कानूनी संरक्षण उपलब्ध कराया है? क्या उपभोक्ताओं की जवाबदेही तय की गई है? घटना के बाद क्षेत्र में यह मांग जोर पकड़ रही है कि प्रशासन और संबंधित विभाग स्पष्ट गाइडलाइन जारी करें, ताकि भविष्य में कोई कर्मचारी अपनी ड्यूटी के दौरान इस तरह की भयावह घटना का शिकार न बने।

Tags :

जिला प्रशासन से करी मांग

जरूरी खबरें