खिंडा अस्पताल में चिकित्सकीय कुशलता का उत्कृष्ट उदाहरण, गले में 10 दिन : से फंसी मुर्गे की हड्डी सफलतापूर्वक निकाली
Abid Hussain
Fri, Jan 30, 2026
खटीमा स्थित खिंडा अस्पताल में चिकित्सकीय दक्षता और आधुनिक तकनीक का उत्कृष्ट उदाहरण सामने आया है। नेपाल निवासी 38 वर्षीय फतेह सिंह के गले में भोजन करते समय मुर्गे की हड्डी फंस गई थी, जिससे उन्हें लगातार दर्द और भोजन निगलने में गंभीर परेशानी हो रही थी।
पीड़ित फतेह सिंह ने प्रारंभ में नेपाल के आरोग्य अस्पताल में उपचार कराया, जहां जांच के बावजूद गले में फंसी हड्डी का पता नहीं चल सका। समय के साथ समस्या गंभीर होती चली गई और दर्द असहनीय हो गया। इसी दौरान किसी परिचित की सलाह पर वे खटीमा के खिंडा अस्पताल पहुंचे।
खिंडा अस्पताल में ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. कमलदीप सिंह खिंडा नाइक द्वारा की गई सूक्ष्म जांच में गले के भीतर मुर्गे की हड्डी फंसी होने की पुष्टि हुई। तत्पश्चात चिकित्सकीय टीम ने आधुनिक दूरबीन तकनीक की सहायता से सुन्न करने की प्रक्रिया अपनाते हुए हड्डी को सुरक्षित रूप से बाहर निकाल लिया।
हड्डी निकलते ही मरीज को तत्काल राहत मिली। फतेह सिंह ने बताया कि हड्डी लगभग 10 दिनों से गले में फंसी हुई थी, जिसके कारण वे ठीक से भोजन नहीं कर पा रहे थे और इस दौरान उनका वजन करीब 12 किलोग्राम तक कम हो गया था।
सफल उपचार के बाद फतेह सिंह ने खिंडा अस्पताल के चिकित्सकों एवं समस्त स्टाफ का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि समय पर सही जांच और विशेषज्ञ उपचार से उन्हें नई राहत मिली है।
यह मामला न केवल खिंडा अस्पताल की चिकित्सकीय कुशलता को दर्शाता है, बल्कि यह भी सिद्ध करता है कि सही समय पर विशेषज्ञ चिकित्सक से परामर्श जीवन को बड़ी राहत दे सकता है।
Tags :
दमदार मिसाल