Sat 02 May 2026

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: सीएम की विधानसभा चंपावत के टनकपुर में खस्ता हाल हुई शहर की सड़के, जहां देखो वहां सड़क पर गड्ढे ही गड्ढे लोगों के लिए बने मुसीबत

रिपोर्ट/ ए. एच. सिददीकी

■■ भ्रष्ट अफसो की पोल खोल रहे सड़क पर बने गहरे गड्ढे

■■■ अधिकारी मौन, तो सुनेगा कौन

टनकपुर/ मुख्यमंत्री की विधानसभा टनकपुर में सड़के हुई गड्ढो में तब्दील, जहां देखो वहां सड़कों पर गड्ढे ही गड्ढे, अगर आप किसी को सड़कों पर गड्ढे देखना हो तो आ जाइए टनकपुर में यहां  अधिकांश सड़कों में गड्ढे ही गड्ढे मिलेंगे। यहां रेलवे स्टेशन मार्ग, एफसीआई गोदाम रोड,  शारदा कॉलोनी सहित शारदा घाट मार्ग की अधिकांश सड़के एवं लिंक मार्गो  की हालत बेहद खराब हैं।

इन सड़कों मे  लोगों का चलना दुभर हो गया है। अब सवाल यह उठता है कि आखिर सड़को की खस्ता  हालत के पीछे आखिर जिम्मेदार कौन, सड़कों पर गहरे गहरे गड्ढे इस तरह हो गए हैं। जैसे भ्रष्टाचार से पीड़ित आम आदमी के दिलों में जख्म हो गए हो, यहां इन सड़कों पर ऑटो या रिक्शा का सहारा लिया जाए तो सबसे ज्यादा परेशानी बुजुर्गों को होती है।

जैसे ही ऑटो या रिक्शा का पहिया गड्डो से होकर गुजरता है तो वाहनों के हिचकोले के कारण उसमें बैठी सवारिया गैस से भरे गुब्बारे की तरह उछल पड़ती हैं।  फिलहाल सड़कों में बने गड्डो से राहगीरों को बहुत परेशानी हो रही है साथ ही ऑटो रिक्शा या दुपहिया वाहनों चालकों को इन गड्डो की वजह से वाहनों में खराबी आने पर आर्थिक नुकसान भी उठाना पड़ रहा है। 

 यहां शास्त्री चौक से लेकर बर्मा लाइन तक सड़क की हालत बेहद खराब है। इन मार्गों पर गहरे गहरे गड्ढे हो गए हैं। सड़कों पर बने गड्डो ने संबंधित विभाग में हो रहे भारी भ्रष्टाचार की पोल खोल कर रख दी है। इसी मार्ग पर सबसे ज्यादा ट्रैफिक है जिसकी वजह से यहां पर सबसे ज्यादा हादसे हो रहे हैं। गड्डो में सड़क ढूंढना मुश्किल हो रहा है गड्ढे इतने ज्यादा है कि उनसे बचना मुश्किल है।

दो पहिया वाहन चालकों को सबसे ज्यादा परेशानी हो रही है। गौरतलब है कि भाजपा सरकार ने सड़कों को गड्ढा मुक्त करने का नारा दे रखा है। लेकिन संबंधित विभाग के भ्रष्ट अधिकारी इस नारे को झूठा साबित कर रहे हैं। लोक निर्माण विभाग सहित सड़कों का निर्माण करने वाले अन्य विभागों में कमीशन खोरी इतना ज्यादा बढ़ गई है।

कि निर्माण होने के कुछ दिनों बाद ही वह जर्जर होने लगता है। भ्रष्ट अभियंताओं के खिलाफ सरकार जाचं एजेंसिया प्रभावी कार्यवाही नहीं करती है। अगर इनकी जवाबदेही तय कर अवैध रूप से इकट्ठा की गई संपत्तियों को जप्त करना शुरू कर दिया जाए तो निर्माण कार्यों में कमीशन खोरी  अपने आप बंद हो जाएगी। अब देखना यह होगा कि आखिर टनकपुर की सड़के कबतक गड्ढा मुक्त होगी, फिलहाल इस मामले में ग्राम पंचायत मनिहार गोठ की पूर्व प्रधान रेशमा परवीन ने संबंधित विभागों के उच्च अधिकारियों से सड़कों को गड्डो से मुक्त करने की मांग की है।

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